महिला ने पेश की मिसाल, रिक्शेवाले के नाम कर दी करोड़ों रुपयों की संपत्ति, वजह जानकर आप भी हो जाएंगे भावुक

इस दुनिया में ऐसे बहुत से लोग हैं जो संपत्ति को ही सबसे बड़ा धन मानते हैं लेकिन वास्तव में देखा जाए तो ऐसा बिल्कुल भी नहीं है. क्योंकि मानवता सबसे बड़ा धन माना जाता है जिस मनुष्य के अंदर इंसानियत, दया का भाव होता है वह अक्सर एक-दूसरे की मदद करते हैं. ऐसा माना जाता है कि मनुष्य का जन्म दूसरों की मदद करने के लिए हुआ है इसलिए हमें अपने अनमोल जीवन में दूसरों की मदद अवश्य करनी चाहिए. अगर आप निस्वार्थ भाव से किसी की मदद करते हैं तो इसका फल भगवान अवश्य देता है फिर चाहे वह किसी भी रुप में क्यों ना हो..

आपको एक ऐसी घटना से रूबरू कराने जा रहे हैं जहां एक रिक्शा वाले के निस्वार्थ भाव की सेवा से खुश होकर उड़ीसा में एक 63 साल की बुजुर्ग महिला ने अपनी सारी संपत्ति उनके नाम कर दी.. जी हां इस बुजुर्ग महिला ने भरोसा और वफादारी के नाम पर अपनी सारी संपत्ति रिक्शा वाले को देकर दरियादिली की एक नई मिसाल पेश की है.

आपको बता दे यह पूरा मामला उड़ीसा का है जहां पर कटक के 65 साल की महिला इस दुनिया में अब अकेली रहती है. कहा जाता है कि इस बुजुर्ग महिला की इस शहर में तीन बहनों और एक भाई तथा बच्चे भी हैं लेकिन रिश्तेदारों की इतनी लंबी लिस्ट होने के बावजूद भी महिला ने अपनी सारी पूंजी एक साधारण रिक्शा वाले के नाम कर दी.

बता दे इस बुजुर्ग महिला का नाम मिनाती पटनायक है जिसने पिछले 1 वर्ष में अपने जीवन में केवल दुख ही दुख को सहन किया है. महज 1 वर्ष के अंदर ही इनका पूरा परिवार उजड़ गया. इस बुजुर्ग महिला के पति का नाम कृष्णा कुमार था जिनकी कैंसर से पिछले वर्ष मृत्यु हो गई. इतना ही नहीं उनकी इकलौती बेटी भी थी जिनका नाम कमल कुमारी था लेकिन इसी वर्ष जनवरी के महीने में आग की चपेट में आकर अपना दम तोड़ दिया.

1 साल के अंदर घर में दो-दो लोगों के मृत्यु से मिनाती पटनायक अंदर से पूरी तरह से टूट गई. इस कठिन समय में उनके साथ कोई अपना कोई नहीं था. उस दौरान बुधा नाम का रिक्शावाला और उसका परिवार मिनाती पटनायक के साथ खड़ा रहा. इस कठिन परिस्थिति में रिक्शा वाले ने इस महिला का पूरा साथ दिया.

मिनाती का कहना है कि बुधा ने हमेशा अपना मां कहां है. उनकी बेटी को भी रिक्शे पर कॉलेज तक बुधा पहुंचाता रहा. इतना ही नहीं बुधा उनके मकान में साल 1994 से किराए पर रहता है. मिनाती का कहना है कि इतने वर्षों से बुधा उनके परिवार का एक हिस्सा बनकर रह रहा है मिनाती का ऐसा मानना है कि उनकी प्रॉपर्टी का बेहतर हकदार कानूनी रूप से सिर्फ बुधा ही है.

मिनाती ने अपना 3 मंजिला मकान और 300 ग्राम सोने के गहने बुधा के नाम कर दी है जिसकी कीमत लगभग करोड़ों रुपए हैं. मिनाती की महानता और दरियादिली की तारीख आज पूरा देश कर रहा है. यह पूरी कहानी जानने के बाद लोग बहुत भाव हो रहे हैं.