एटा में बेबस बुजुर्ग महिला की मदद के लिए पुलिस आई सामने, पेश की मानवता की मिसाल

दुनिया में ऐसे बहुत से लोग हैं जो पुलिसवालों को अलग नजर से देखते हैं. अक्सर फिल्मों में पुलिस वालों को करप्ट और बेईमान दिखाया जाता है लेकिन रियल लाइफ में ऐसा बिल्कुल नहीं है. पुलिस समाज की रक्षक होती है कानून की रक्षा करना और लोगों से कानून का पालन करवाना पुलिस का परम कर्तव्य होता है. हम अपने घरों में आराम से सो सके इसलिए पुलिस दिन-रात हमारे सुरक्षा में तैनात रहते हैं.

ऐसा ही एक मामला एटा जिले के थाना मिरहची गांव के आलमपुर सिधांवली से आया हैं. जहां एक युवक ने कुछ साल पहले अपनी बूढ़ी मां, तीन बच्चों और अपनी पत्नी को छोड़ कर घर से भाग गया. अब वह फिलहाल दिल्ली में रह रहा है. पति के घर छोड़ने के कुछ दिनों बाद पत्नी भी घर छोड़ कर चली गई.

बेटे और बहू के घर छोड़कर जाने के बाद बुजुर्ग महिला के सामने रोटी का संकट खड़ा हो गया. घर में राशन नहीं था ऐसे में वह बूढ़ी महिला खुद के और 3 बच्चों का पेट भरने में असमर्थ थी. परिवार को चलाने में असमर्थ उनके नाती पोते को लेकर उस जगह लोगों द्वारा यूपी पुलिस को टैग करते हुए मदद के लिए ट्वीट किया.

बता दें कि जनपद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एटा उदय शंकर सिंह के निर्देशन में एटा पुलिस लगातार उस बुजुर्ग महिला के मदद के लिए आगे आ रही है. एसएसपी उदय शंकर सिंह के निर्देश पर मिरहाची थाने में तैनात उपनिरीक्षक जवाहर सिंह ठाकरे तत्काल गांव आलमपुर पहुंचे और बुजुर्ग महिला व उनके नाती पोतों के भरण-पोषण के लिए खाद सामग्री, राशन आटा, दाल, नमक, मसाले, चीनी, तेल, चाय, बिस्कुट भेंट की. पुलिस कर्मियों द्वारा मदद करने के बाद उस बुजुर्ग महिला की आंखों से आंसू छलक उठे.

एटा जनपद पुलिस के द्वारा ट्विटर पर मांगी गई सहायता पर पुलिस वालों ने मानवता की एक नई मिसाल पेश की है. इतना ही नहीं इसके साथ ही भविष्य में भी हर संभव मदद का भरोसा किया जाएगा. एटा पुलिस के द्वारा यह जनहितकारी कार्य किया गया है. आपको बता दें कि इस नेक काम के लिए क्षेत्रीय लोग पुलिस वालों की जमकर तारीफ करते नजर आ रहे हैं.