आज ही बदल लें यह 3 आदतें, गरुड़ पुराण के अनुसार यह आदतें छीन लेती हैं परिवार की सुख-शांति

सत्य सनातन हिंदू धर्म में कुल 18 पुराण है. इन पुराणों में मनुष्य के जीवन में होने वाली हर समस्याएं और उनसे उत्पन्न होने वाली परेशानियों का हल लिखा हुआ है उसी में से एक है गरुड़ पुराण. यह भगवान श्री विष्णु और उनके वाहन गरुण के बीच हुई वार्तालाप और जीवन के रहस्यों के बारे में है. आज हम आपको बताएंगे कि यदि आप भी यह तीन आदतें अपनाते हैं तो आप अपने जीवन में कभी सुख शांति नहीं रह सकती.

रात में ना छोड़े झूठे बर्तन- ऐसा माना जाता है कि रात्रि का दूसरा पहर निशाचरो का समय है वह रात्रि में भ्रमण करते हैं तथा एक नकारात्मक शक्तियों का रूप ले लेते हैं. हमें अपने घर में रात को कभी जूठे बर्तन अथवा जूठे अनाज नहीं छोड़ना चाहिए ऐसा कहा जाता है कि यह नकारात्मक शक्तियों को अपनी तरफ आकर्षित करता है ऐसा करने वाले लोग हमेशा कर्ज में दबे हुए रहते हैं.

घर को गंदा रखने की आदत- यह सर्वमान्य है कि साफ और शुद्ध जगह पर ही ईश्वर का निवास होता है और जहां भी ईश्वर निवास करते हैं वहां कभी कोई दुख तकलीफ नहीं आती. इसलिए आपको चाहिए कि आप अपने घर को हमेशा साफ सुथरा बनाकर रखें. घर साफ सुथरा ना रहने से बीमारियों का भी खतरा बना रहता है. गरुण पुराण के अनुसार अव्यवस्थित और गंदगी में रहने वाले मनुष्य अगले जन्म में सूअर के रूप में जन्म लेते हैं.

कबाड़ इकट्ठा करके रखने की आदत- हम इंसानों में कई लोग ऐसे भी होते हैं जो सामान को सहेज कर रखते हैं इसी के उपरांत वह टूटी फूटी चीजें भी इकट्ठा करके रख लेते हैं या फिर उसे घर में रख कर भूल जाते हैं. घर में पड़ा हुआ कबाड़ सीधे तौर पर नकारात्मक शक्तियों को घर में वास करने का आमंत्रण देता है ऐसा करने से मनुष्य जीवन में सुखी नहीं रह पाता और उसे हमेशा परेशानियों का सामना करना पड़ता है. इसी के साथ घर में कभी भी जंग लगे लोहे का फर्नीचर का सामान भी नहीं रखना चाहिए क्योंकि ऐसा करने से परिवार के आपसी संबंधों में मनमुटाव होता है.

(उपरोक्त सभी बातें आम जनमानस को ध्यान में रखकर लिखी गई है तथा इंटरनेट से संकलित की गई है)